बजट ट्रिप के लिहाज से देश की पांच सबसे खूबसूरत जगहें – संजय शेफर्ड – पल्लवी
बजट ट्रिप के लिहाज से भारत के जैसलमेर से अच्छी कोई जगह हो नहीं सकती ।जैसलमेर एक खूबसूरत शहर है यहां पर दूर-दूर तक फैले रेत के टीले और उनके पीछे सूर्यास्त होता हुआ एक अद्वितीय नजा़रा। आपकी कल्पनाओं से बहुत आगे है ।खुला आसमान, ऊंट की सवारी और बड़े-बड़े किले। तो देर किस बात की सुनिए घुमंतू के साथ, पल्लवी की आवाज़ में, संजय शेफर्ड की डायरी से Budget Friendly destination
बजट ट्रिप के लिहाज से देश की पांच सबसे खूबसूरत जगहें – संजय शेफर्ड – पल्लवी
कहीं घूमने जाने का मन है लेकिन आपका बजट allow नहीं कर रहा| तो घुमंतू आपकी यह समस्या भी दूर कर रहा है, घुमंतू को सुनने का यही तो फायदा है ऐसी जगह के बारे में जानिए ,जो कम बजट में टूरिस्ट फ्रेंडली भी हो ।हिमाचल की धर्मशाला एक बेहतरीन विकल्प है वह कैसे? सुनिए पल्लवी गर्ग की आवाज़ में
जैसलमेर – संजय शेफर्ड – पल्लवी
जैसलमेर का इतिहास और सुंदरता पर्यटकों को मोहित करने में कभी विफल नहीं होती है। आपके लिए शहर में और उसके आसपास कई आकर्षण हैं, चाहे वह जैसलमेर किले और पटवों की हवेली की भव्यता हो, जैन मंदिरों की शांति हो, या खरीदारी के स्थानों की जीवंतता और दिलचस्प रेगिस्तानी त्यौहार हों। इतना ही नहीं, रेगिस्तान में जीप टूर और ऊंट सफारी आपके उत्साह को बढ़ाने के लिए काफी है।जैसलमेर जहाँ राजस्थान का रंग देखने को मिलता हैजैसलमेर को गोल्डन सिटी के नाम से भी जाना जाता है. विश्व की पुरानी धरोहर के रूप में जैसलमेर एक राज्य के नाम से प्रसिध्य हुआ करता था. यहाँ पीले से रंग की रेत पाई जाती हैसंजय शेफर्ड की डायरी से घुमंतू में सैर कीजिए जैसलमेर की, पल्लवी की आवाज़
किब्बर – संजय शेफर्ड – पल्लवी
कभी-कभी हमारा मन भीड़-भाड़ की जगह से हटकर किसी शांत, कम जनसंख्या वाले क्षेत्र और बेहद खूबसूरत प्राकृतिक दृश्यों के बीच में जाने का करता है, तो अब घुमंतू ने आपकी इस समस्या का समाधान कर दिया है। दुनिया की सबसे ऊंचाई में बसे एक गांव किब्बर की ओर आपका ध्यान आकर्षित कराते हुये ।यहां के सादा और उत्साहपूर्ण जीवन को देखकर आपका मन खुशी से झूम उठेगा। हिमाचल प्रदेश के खूबसूरत गांव किब्बर की यात्रा करें,घुमंतू के साथ पल्लवी की आवाज़ में सिर्फ़ गाथा पर..
प्राकृतिक सुंदरता और आध्यात्मिकता का अद्भुत संगम, जो मानसरोवर और कैलाश यात्रा के दुर्गम स्थानों को भी सुगम बना देता है। मानसरोवर और कैलाश की यात्रा के लिए उत्तराखंड के अंतिम छोर पिथौरागढ़ से शुरुआत होती है इसीलिए पिथौरागढ़ को मानसरोवर और कैलाश का द्वार कहते हैं । शिव के उपासकों के लिए उनका यह परमधाम है। घुमंतू के साथ आपको यात्रा कराते हैं संजय शेफर्ड द्वारा लिखी गई कवरस्टोरी से पल्लवी गर्ग की आवाज़ में…
दुनिया की सबसे पुरानी हस्तनिर्मित गुफायें बराबर और नागार्जुन पर्वतों को भारतवर्ष के सबसे पुरातन और ऐतिहासिक पर्वतों में गिना जाता है। इस जगह पर कभी मगध का साम्राज्य हुआ करता था इसलिए1100 फुट ऊंचे बराबर और नागार्जुन पर्वतों को मगध का हिमालय भी कहा जाता है। प्रकति प्रेमियों को यहां एक बार ज़रूर जाना चाहिए
हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला शहर के बाहरी क्षेत्र में बसा मैकलॉडगंज पर्यटकों में काफी फेमस है। यहां तिब्बती मूल के काफी लोग रहते हैं, इस वजह से इसे लिटिल लहासा या धासा के नाम से भी जाना जाता है।गाथा के घुमंतू के साथ सुंदर आइए चलते हैं पल्लवी के साथ
अंडमान -निकोबार द्वीप समूह अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए दुनिया भर में जाना जाता है ।यहां के साफ-सुथरे वातावरण हरियाली और समुद्री तटों की वज़ह से यहां पर पर्यटक खींचें चले आते हैं। यह द्वीप प्रकृति प्रेमियों का स्वर्ग और गार्डन ऑफ ईडन कहलाता है। यह प्रकृति के द्वारा दिया गया एक खूबसूरत तोहफा है जो 572 दीपों से बना है। तटों के सफेद रेत, समुद्र का नीला पानी और चारों तरफ फैली हरियाली प्रकृति ने क्या गज़ब की खूबसूरती बक्शी है। इसकी खूबसूरती के बारे में, और यहां के मौसम ,त्योहारों के बारे में बहुत कुछ जानने के लिए सुनिए संजय शेफर्ड के द्वारा लिखी गई कवर स्टोरी पल्लवी की आवाज़ में
एक अट्ठारह साल की युवती आज अपने मां- बाप के घर से भागकर ट्रेन में कहीं जा रही है और उसी ट्रेन में उसकी मुलाकात एक अनज़ान व्यक्ति से होती है ।उनकी यह अनजान मुलाकात उस लड़की की सोंच में एक बहुत बड़ा बदलाव लेकर आती है। क्या आप जानना नहीं चाहेंगे कि क्या थी उस लड़की के भागने की सही वज़ह और उस अनज़ान से ऐसी क्या बात हो गई जिसने लड़की की सोंच को पूरी तरीके से बदल दिया ?एक खूबसूरत सी कहानी दो अनज़ानों के बीच । सुनिए अब्बास पठान के द्वारा लिखी गई कहानी अनज़ान मुलाक़ात पल्लवी गर्ग की आवाज़ में…
धनोल्टी मसूरी के पास एक छोटा खूबसूरत सा हिल स्टेशन है। हिमालय की ऊंची -ऊंची चोटियां यहां की खूबसूरती को और बढ़ा देती है और उसके साथ देवदार के पेड़ धनोल्टी की सुंदरता में चार -चांद लगा देते हैं ।धनोल्टी का इको पार्क पर्यटकों के लिए बस देखते ही बनता है। घुमंतू के साथ इस रोमांचक जगह को और अच्छे से जानने के लिए सुनते हैं संजय शेफर्ड की कवरस्टोरी पल्लवी गर्ग की आवाज़ में…
samaj ki buraiyon aur kaise ladkiyaan purush pradhaan samaj mein aaj ke samay mein bhi apni pehchaan dhoondh rahee hain… yeh ek sochne yogya baat hai… cover page: ek ladki, old man, table pe rakhha chai ka cup
कहानी मंदी में जान सकते हैं कि मंदी के दौर में किस प्रकार ग्राहकों को लुभाने की कोशिश की जा रही है |नायक किस प्रकार इन बातों को अनुभव कर रहा है |जानने के लिए सुनते हैं मोहन राकेश के द्वारा लिखी गई कहानी मंदी ,सुमन वैद्य की आवाज में
जयराज एक चित्रकार है और रानीखेत की सुंदर वादियों में प्रकृति के सुंदर चित्र बनाता है किंतु इन चित्रों में मनुष्य की अनुपस्थिति उसे अपने चित्र में अधूरे पन का एहसास दिलाती है इसी बीच उसके एक मित्र का पत्र आता है कि वह अपने पत्नी के अच्छे स्वास्थ्य के लिए उसे रानीखेत भेज रहा है जयराज का चित्रकार मन नारी के सौंदर्य को चित्रित करने की कल्पना की उड़ान लेने लगता है क्या होता है जब उसकी मुलाकात नीता से होती है क्या वास्तव में उसकी कल्पना यथार्थ हो पाती है पूरी कहानी जाने के लिए सुनते हैं यशपाल जी के द्वारा लिखी गई कहानी चित्र का शीर्षक सुमन वैद्य जी की आवाज में
बड़े-बूढ़े कुछ झूठ नहीं कह गए हैं कि परदेश जाए तो ऐसे चौकन्ने रहें, जैसे बुढ़ापें में ब्याह करने वाला अपनी जवान जोरू से रहता है। हम चौकन्नेपन क्या, दसकन्नेपन की सिफारिश करते हैं, वरना ईश्वर न करे किसी पर ऐसे बीते, जैसी परदेश में हम पर बीती, यानी हम साढ़े पांच हाथ के जीते-जागते मौजूद रहे और परदेश ने हमारे मुंह पर कानूनी तमाचा मारकर कुछ देर के लिए यह साबित कर दिया कि हम फौत शुद यानी मर गए।कहानी का पात्र जो परदेश में है वहां उसके साथ क्या घटना घटती है पूरा वृतांत जानने के लिए सुनते हैं अमृतलाल नागर जी के द्वारा लिखी गई कहानी जब बात बनाए ना बनी,अमित तिवारी जी की आवाज में
शकुन डॉक्टर के पास जाने की जिद कर रही है, तो क्या मुझ में कुछ कमी है जो शकुन माँ नहीं बन पा रही है? दोनों के बीच दूरी बढ़ती जा रही है। शकुन बुझी -बुझी सी रहने लगी है । सतीश देख रहा था कि शकुन आलोक के आने से बहुत खुश है ।तो क्या उन दोनों के बीच ? नहीं – नहीं ,यह मेरे दिमाग का फितूर है। शकुन मेरी है, सिर्फ मेरी ।जैसे शादी के पहले 2 साल तक थी।
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