महाभारत का युद्ध प्रारंभ से ही बड़ा ही भयंकर रूप ले चुका था| भीष्म पितामह के रहते हुए पांडव पुत्रों की विजय असंभव दिखाई पड़ रही थी| किंतु भीष्म ने स्वयं अपनी मृत्यु का रहस्य श्री कृष्ण के समक्ष रख दिया |महाभारत के युद्ध में पितामह भीष्म की किस प्रकार मृत्यु हुई और अर्जुन पुत्र अभिमन्यु ने किस प्रकार वीरगति को प्राप्त किया? इसे जानने के लिए सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी भीष्म -अभिमन्यु वध ,शिवानी आनंद की आवाज में…
बेताल, विक्रमादित्य से पूछता है कि यदि मां और पुत्री में अगर एक ऐसा रिश्ता बन जाए कि पुत्री अपनी मां की ही सास बन जाए और मां ,अपनी पुत्री की बहू.. तो बताओ राजन् कि माँ-बेटी के जो बच्चे हुए, उनका आपस में क्या रिश्ता हुआ ?क्या विक्रमादित्य बेताल के इस प्रश्न का उत्तर दे पाते हैं ,इसे जानने के लिए सुनते हैं बेताल पच्चीसी की कहानियों में से एक कहानी मां -बेटी के बच्चों में क्या रिश्ता हुआ?, शिवानी आनंद की आवाज में..
राजा विक्रमादित्य अद्भुत गुणग्राही थे। वे सच्चे कलाकारों का बहुत अधिक सम्मान करते थे तथा स्पष्टवादिता पसंद करते थे। उनके दरबार में योग्यता का सम्मान किया जाता था। चापलूसी जैसे दुर्गुण की उनके यहाँ कोई कद्र नहीं थी। यही सुनकर एक दिन एक युवक उनसे मिलने उनके द्वार तक आ पहुँचा। शास्त्रों का ज्ञाता था। कई राज्यों में नौकरी कर चुका था। युवक स्पष्टवक्ता होने के कारण उसके आश्रयदाताओं को वह धृष्ट नज़र आया, अतः हर जगह उसे नौकरी से निकाल दिया गया।विक्रमादित्य ने उस युवक की गुणवत्ता को परखा और उसे उचित सम्मान दिया |कैसे?इसे जानने के लिए सुनते हैं सिंहासन बत्तीसी की कहानियों में से एक कहानीबाइसवीं पुतली अनुरोधवती राजा विक्रमादित्य और बुद्धि और संस्कार पर चर्चा ,शिवानी आनंद की आवाज में …
उर्वशी एक आधुनिक लड़की है जो होशियार होने के साथ ही जीवन में कुछ कर दिखाने की चाहत रखती है। प्रेम विवाह कर पति से उपेक्षित होने के बाद भी उसने हिम्मत न हारते हुए अपनी जिंदगी में कुछ कर दिखाने की चाहत को पूरा करने का प्रयास किया जिसमें उसकी खूबसूरती ही उसके लिए सबसे बड़ी बाधा बन गई। उसकी जिंदगी एक कटी पतंग की तरह झूलने लगी।
कहानी यह शिक्षा देती है कि संसार में कुछ काम ऐसे हैं, जो एकाकी नहीं करनी चाहिए |कहानी एक भारण्ड नाम का एक विचित्र पक्षी है, जिसके मुख दो थे, किन्तु पेट एक ही था | कहानी में ऐसा क्या होता है कि अंत में उस पक्षी को मृत्यु प्राप्त हो जाती है ? जानने के लिए सुनते हैं पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी दो सिर वाला पक्षी, शिवानी आनंद की आवाज में….
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