बेताल, विक्रमादित्य से पूछता है कि यदि मां और पुत्री में अगर एक ऐसा रिश्ता बन जाए कि पुत्री अपनी मां की ही सास बन जाए और मां ,अपनी पुत्री की बहू.. तो बताओ राजन् कि माँ-बेटी के जो बच्चे हुए, उनका आपस में क्या रिश्ता हुआ ?क्या विक्रमादित्य बेताल के इस प्रश्न का उत्तर दे पाते हैं ,इसे जानने के लिए सुनते हैं बेताल पच्चीसी की कहानियों में से एक कहानी मां -बेटी के बच्चों में क्या रिश्ता हुआ?, शिवानी आनंद की आवाज में..
बनवारी जो पत्नी से बेहद प्रेम करता है, अपने हालदार परिवार के के बड़े बेटे होने का फर्ज न निभाते हुए केवल उसकी खुशी के लिए ही सब करता है लेकिन परिस्थिति तब बदल जाती है जब उसे पता चलता है कि उसकी पत्नी किरण की नज़र में उसका कोइ मोल नहीं और वह जी जान से अपने देवर के पुत्र हरिदास की देखभाल करते हुए कब उसकी पत्नी से ज्यादा हालदार परिवार की बड़ी बहू बन गई बनवारी को पता ही नहीं चला।
एकाएक उनका मन हुआ कि वह भी सामने वाले पार्क में जाकर धूप का मज़ा ले लें। लेकिन उन्होंने अपने इस विचार को तुरंत झटक दिया। अपने मातहतों के बीच जाकर बैठेंगे। नीचे घास पर! इतना बड़ा अफ़सर और अपने मातहतों के बीच घास पर बैठे!ऑफिस का एक कर्मचारी किस प्रकार कई वर्षों के बाद धूप की सुखानुभूति करता है जानते हैं कहानी धूप में
एक बार पाँचों पाण्डव आवश्यक कार्यवश बाहर गये हुए थे। आश्रम में केवल द्रौपदी, उसकी एक दासी और पुरोहित धौम्य ही थे। उसी समय सिन्धु देश का राजा जयद्रथ, जो विवाह की इच्छा से शाल्व देश जा रहा था, उधर से निकला। अचानक आश्रम के द्वार पर खड़ी द्रौपदी पर उसकी दृष्टि पड़ी और वह उस पर मुग्ध हो उठा। किन्तु कामान्ध जयद्रध ने बलपूर्वक द्रौपदी को खींचकर अपने रथ में बैठा लिया| भीम ने जयद्रथ की इस दुर्भावना का सबक किस प्रकार जयद्रथ को सिखलाया ?सुनते हैं महाभारत की कहानी भीम द्वारा जयद्रथ की दुर्गति, शिवानी आनंद की आवाज में…
Saguni was a poor little girl, whose dream was to study in a school, Ipsa, another little girl of class five make Saguni’s dream come true.
बेताल पच्चीसी की कहानियों में से एक कहानी पत्नी किसकी जिसमें बेताल, विक्रमादित्य के सामने एक कहानी सुनाता है और उससे प्रश्न करता है कि यदि एक स्त्री गलती से अपने पति का सिर उसके पति के मित्र के धड़ में और मित्र का सिर अपने पति के धड़ में लगा देती है तो वास्तव वास्तव मं किसे अपना पति समझे? राजा विक्रमादित्य किस प्रकार इस प्रश्न का उत्तर बेताल को देते हैं ?
एक बार युधिष्ठिर नामक कुम्हार के माथे में में घड़े की नोक से चोट लग जाती है |घाव इतना गहरा होता है कि ठीक होने के बाद भी उसका निशान नहीं जाता है | वहां का राजा कुम्हार के सिर पर चोट का निशान देखकर उसे एक वीर पुरुष समझकर अपने यहां सैनिक के रूप में भर्ती कर लेता है |कहानी में आगे क्या होता है?इसे जानने के लिए सुनते हैं पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी कुम्हार की कहानी, शिवानी आनंद की आवाज में…
Reviews for: Punya Kiska ( पुण्य किसका)
Johndoe