देव शक्ति नाम के राजा के एक पुत्र के पेट में एक साँप चला जाता है और वह उसी के पेट में अपना बिल बना लेता है |जिस कारण राजकुमार का शरीर प्रतिदिन अस्वस्थ होता जा रहा है अब आगे क्या होता है राजकुमार के साथ ?पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी दो सांपों की कथा ,सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में…
कहानी यह शिक्षा देती है कि संसार में कुछ काम ऐसे हैं, जो एकाकी नहीं करनी चाहिए |कहानी एक भारण्ड नाम का एक विचित्र पक्षी है, जिसके मुख दो थे, किन्तु पेट एक ही था | कहानी में ऐसा क्या होता है कि अंत में उस पक्षी को मृत्यु प्राप्त हो जाती है ? जानने के लिए सुनते हैं पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी दो सिर वाला पक्षी, शिवानी आनंद की आवाज में….
कहानी की नायिका निरुपमा पांच भाइयों में इकलौती बहन है। पिता रामसुन्दर ने उसका विवाह एक बड़े खानदान में तय किया किंतु ससुराल पक्ष के द्वारा जो दहेज़ की मांग की गई थी वह राम सुंदर जी पूरी नहीं कर पाए ।ऐसे में क्या निरुपमा का विवाह हो पाता है? क्या निरुपमा भी दहेज़ की भेंट चढ़ जाती है? या निरुपमा इस संदर्भ में कोई ठोस कदम उठाती है? बेहद भावुक कर देने वाली रविंद्र नाथ टैगोर जी की कहानी दहेज़ में जानते हैं उतने ही भावुक अंदाज में शिवानी आनंद के द्वारा..
राजा विक्रमादित्य की अतिथि -सेवा की परीक्षा किस प्रकार वरुण देव ने ली और उस परीक्षा का क्या नतीजा निकला ?पूरी कहानी जानने के लिए सुनते हैं सिंहासन बत्तीसी की कहानियों में से एक कहानी सिंहासन बत्तीसी-छठी पुतली- रविभामा शिवानी आनंद की आवाज में
एक बार पुरुषार्थ और भाग्य में इस बात पर ठन गई कि कौन बड़ा है। राजा विक्रमादित्य ने किस प्रकार झगड़े का अंत किया ? पूरी कहानी जानने के लिए सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में सिंहासन बत्तीसी की कहानियों में से एक कहानी सिंहासन बत्तीसी-तीसरी पुतली चन्द्रकला
कविता के अंश में सिंदूरी शाम की सुंदरता का वर्णन किया गया है
Credit: Josh Talk
सुबोध अवस्थी का जब ट्रांसफर एक शहर से दूसरे शहर के लिए होता है तो उनके बच्चे शीला और सुमित अपने शहर ,अपने घर ,दोस्तों को छोड़कर नए शहर ,नए घर नहीं जाना चाहते हैं | सबके इमोशंस उस घर से, उस शहर से ,अपने दोस्तों से जुड़े हुए हैं | उनकी कोमल भावनाओं को इस बात से गहरा आघात लगता है कि उन्हें यह सब छोड़ कर यहां से नए शहर को जाना होगा ऐसी स्थिति में सुबोध और राधिका अपने बच्चों को समझाने की बहुत कोशिश करते हैं किंतु कहानी इसी ताने-बाने में उलझी हुई है कि ऐसी स्थिति में बच्चों की क्या मनोदशा होती है ? इस भाव को समझने के लिए सुनते हैं गिरिराजशरण अग्रवाल के द्वारा लिखी गई कहानी तबादला शिवानी आनंद की आवाज में..
एक कामकाजी महिला के ऊपर समाज किस प्रकार शोषण करता है इसी बात दर्शाती है कहानी एक फलसफा जिन्दगी कहानी में सुभद्रा सुंदर सुशिक्षित लड़की है |जिसको कई बार नौकरी में शोषित किया जा रहा है| सुभद्रा कैसे इस बात से बाहर निकलती है जानने के लिए सुनते हैं स्वाति तिवारी की लिखी हुई कहानी एक फलसफा जिन्दगी ,अंजू जेटली की आवाज में
Reviews for: Brahman, Chor Aur Danav Ki Katha (ब्राह्मण, चोर, और दानव की कथा)