महा महाभारत युद्ध में जब युधिष्ठिर चारों तरफ से कौरवों की सेना से घिर चुके थे| भीमसेन के पराक्रम ने युधिष्ठिर को किस प्रकार बचाया और उनका पराक्रम कौरवों पर किस प्रकार भारी पड़ा ?पूरा विवरण जानने के लिए सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में महाभारत की कहानियों में से एक कहानी भीम का पराक्रम …
कसक – Alka saini (अल्का सैनी ) – Shivani Anand
शादी के बाद गरिमा ने पूरी कोशिश की अपने को ससुराल के वातावरण में ढाल लेने की और इसके लिए उसने कोई कसर नहीं छोड़ी ,सबका दिल भी जीत लिया। घर और ऑफ़िस दोनों का काम करके उसे ऐसा महसूस होता था जैसे कि वह एक मशीन बन गई है ।मनीष गरिमा को हमेशा एक आदर्श बीबी, आदर्श बहू के रूप में देखना चाहता है किंतु क्या मनीष भी एक आदर्श पति के रूप में गरिमा के सामने अपने आपको रख पाया है ?क्या कभी मनीष पति होने के नाते गरिमा की भावनाओं को वह समझ पाया है ?क्या है पूरी कहानी जानते हैं शिवानी आनंद की आवाज़ में अलका सैनी के द्वारा लिखी गई कहानी कसक में…
भगवान श्री कृष्ण दुर्योधन के पास दूत बनकर, युधिष्ठिर को मात्र 5 गांव देने का प्रस्ताव लेकर गए|किंतु दुर्योधन, युधिष्ठिर को सुई के बराबर भूमि देने को भी तैयार नहीं हुआ और इस कारण महाभारत का युद्ध प्रारंभ हो गया |इस युद्ध के पीछे और क्या कारण थे ?महाभारत के युद्ध में क्या नियम बनाए गए और कौरवों और पांडवों की सेना में कौन कौन शामिल थे ?पूरी जानकारी के लिए सुनते हैं ,महाभारत की कहानियों में से एक कहानी महाभारत का युद्ध ,शिवानी आनंद की आवाज में…
महाभारत का युद्ध समाप्त होने के पश्चात अश्वत्थामा, कृपाचार्य वन में भटक रहे थे |अचानक अश्वत्थामा की नज़र एक वटवृक्ष पर पड़ी ,जहां एक उल्लू के द्वारा कौऔं के दल पर कपट करके आक्रमण किया जा रहा था यह देख अश्वत्थामा के मन में कपट पूर्ण युक्ति पांडवों को मारने के लिए आई। आखिर क्या थी वह युक्ति ?उसे जानने के लिए सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी,अश्वत्थामा का कपटशिवानी आनंद की आवाज में…
महाभारत की कहानियों में से एक कहानी ‘द्रौपदी स्वयंवर’, उस समय का प्रसंग है जब द्रुपद नरेश का द्रौपदी स्वयंवर आयोजित किया जाता है| इस स्वयंवर में भाग लेने के लिए एक से बढ़कर एक महारथी आए किंतु स्वयंवर में रखी गई शर्त को कोई भी पूर्ण ना कर सका| ऐसे में किस प्रकार द्रौपदी का स्वयंवर हुआ ?इस स्वयंवर में कौन सी घटना घटित हुई? इस पूरे प्रसंग को सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में…
युधिष्ठिर की लोकप्रियता हस्तिनापुर में बढ़ती जा रही थी और पितामह भीष्म चाहते थे कि उन्हें ही युवराज घोषित किया जाए |किंतु शकुनी जो कि दुर्योधन का मामा था, उसने अपने छल कपट से युधिष्ठिर उसके अन्य भाइयों को मारने की योजना बनाई ताकि उस का भांजा दुर्योधन हस्तिनापुर का युवराज बन सके| इस योजना के तहत उसने जलाने का प्रयत्न किया और लाक्षागृह का निर्माण करवाया| इसके आगे क्या हुआ? क्या शकुनी अपनी इस योजना में सफल हुआ? सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी लाक्षागृह का षड्यंत्र, शिवानी आनंद की आवाज में…
महाभारत की कहानियों में से एक कहानी है “अश्वत्थामा और अर्जुन का युद्ध “ | महाभारत के युद्ध में एक ऐसा भी समय आया जब अर्जुन ,अश्वत्थामा के आगे निष्प्रभावशाली दिखाई दिए | इस प्रसंग का पूरा वर्णन सुनते हैं, शिवानी आनंद की आवाज में |
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