अर्जुन पुत्र अभिमन्यु की मृत्यु के समय, अभिमन्यु की पत्नी उत्तरा गर्भ से थी और अभिमन्यु की मृत्यु के पश्चात उत्तरा ने एक बालक परीक्षित को जन्म दिया | परीक्षित के जन्म की क्या कथा है और परीक्षित इतिहास में अपने किन गुणों के लिए जाने जाते हैं ?इस पूरी कथा को सुनने के लिए सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी परीक्षित के जन्म की कथा, शिवानी आनंद की आवाज में…
12 वर्ष बनवास और 1 वर्ष अज्ञातवास पूर्ण करने के पश्चात पांडवों ने अपना राज्य वापस लौटाने के उद्देश्य से श्रीकृष्ण को अपना शान्तिदूत बनाकर हस्तिनापुर भेजा, जिससे वह शान्ति का प्रस्ताव रख सकें। किंतु क्या श्री कृष्ण का शांति प्रस्ताव धृतराष्ट्र और कौरवों को मान्य हुआ ?इसके आगे के प्रसंग को जानने के लिए सुनते हैं कृष्ण का शांति प्रस्ताव ,शिवानी आनंद की आवाज में…
सुभाषिनी नाम की ऐसी लड़की की कहानी जो बोल नहीं सकती, इसलिए उसकी मित्रता भी मूक प्राणियों से अधिक है जिसे बोलने वाले समाज से हमेशा निरादर ही प्राप्त हुआ।
पांडु पुत्र अर्जुन ने जयद्रथ का वध करने की प्रतिज्ञा ली, किंतु गुरु द्रोणाचार्य ने ऐसे व्यूह की रचना की, कि उस दिन का युद्धयुद्ध खत्म होने की सीमा तक जयद्रथ अर्जुन के सामने नहीं आया| ऐसे में किस प्रकार अर्जुन की प्रतिज्ञा पूर्ण हो पाई एवं भीम पुत्र घटोत्कच एवं गुरु द्रोणाचार्य की मृत्यु किस प्रकार हुई ?महाभारत की इन रोचक प्रसंगों को सुनते हैं ,शिवानी आनंद की आवाज में…
कहानी यह शिक्षा देती है कि संसार में कुछ काम ऐसे हैं, जो एकाकी नहीं करनी चाहिए |कहानी एक भारण्ड नाम का एक विचित्र पक्षी है, जिसके मुख दो थे, किन्तु पेट एक ही था | कहानी में ऐसा क्या होता है कि अंत में उस पक्षी को मृत्यु प्राप्त हो जाती है ? जानने के लिए सुनते हैं पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी दो सिर वाला पक्षी, शिवानी आनंद की आवाज में….
कीचक, विराट नरेश का साला था| अज्ञातवास के समय पांडू पुत्रों ने विराट की राजधानी में निवास किया था |उनके साथ उनकी पत्नी द्रौपदी भी थी |ऐसे में कीचक की कामुक दृष्टि द्रौपदी के ऊपर पड़ी| द्रौपदी ने इस बात को भाँप लिया अब कीचक को किस प्रकार इस बात का दंड मिला? महाभारत की कहानियों में से एक कहानी कीचक का वध के पूरे प्रसंग को सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में …
राजा विराट के साले कीचक के वध हो जाने पर राजा सुशर्मा और कौरवों विराट नगर पर आक्रमण करने के उद्देश्य से विराटनगर पर आक्रमण कर दिया किंतु उसी समय चारों पांडव भाई सुशर्मा से युद्ध करने के लिए चले गए थे ऐसे में किस प्रकार राजकुमार उत्तर ने किसकी सहायता से कौरवों से युद्ध किया ?इसे जानने के लिए सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी विराटनगर पर कौरवों का आक्रमण, शिवानी आनंद की आवाज में…
कहानी मंदरीसर्पिणी नाम की जूं की है, जो रोज राजा के सोने के बाद उसका रक्त पान करती है |किंतु एक दिन अग्निमुख खटमल भी अपने को मेहमान बताकर राजा का रक्त पान करना चाहता है |अब इसके बाद कहानी में क्या होता है इसे जानने के लिए सुनते हो शिवानी आनंद की आवाज में पंचतंत्र की कहानियों में से एक कहानी मुफ्त खोर मेहमान…
महाभारत की कहानियों में से एक कहानी है “अश्वत्थामा और अर्जुन का युद्ध “ | महाभारत के युद्ध में एक ऐसा भी समय आया जब अर्जुन ,अश्वत्थामा के आगे निष्प्रभावशाली दिखाई दिए | इस प्रसंग का पूरा वर्णन सुनते हैं, शिवानी आनंद की आवाज में |
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