एक बार कृष्णदेव राय के राज्य में चूहों का आतंक हो गया |इससे निपटने के लिए कृष्ण देव राय ने सभी को एक बिल्ली दी और उस बिल्ली को दूध पिलाने के लिए एक गाय भी दी | अब तेनालीरामा ने इस पूरे प्रकरण में क्या किया और अंत में राजा को किस बात का एहसास हुआ? पूरी कहानी जानने के लिए सुनते हैं तेनाली रामा की कहानियों में से एक कहानी दूध ना पीने वाली बिल्ली, शिवानी आनंद की आवाज में…
कादम्बिनी में प्राण तब वापस आए जब उसे जलाने के लिए शमशान में रखकर, लोग लकड़ी लेने चले गए। अपने आस पास किसी को ना पाकर कादंबनी को लगा कि वह मर चुकी है और जीवन तथा मृत्यु के बीच लटक रही है, उसकी इसी जीवन और मृत्यु के बीच की यात्रा की कहानी।
महाभारत की कहानियों में से एक कहानी है “अश्वत्थामा और अर्जुन का युद्ध “ | महाभारत के युद्ध में एक ऐसा भी समय आया जब अर्जुन ,अश्वत्थामा के आगे निष्प्रभावशाली दिखाई दिए | इस प्रसंग का पूरा वर्णन सुनते हैं, शिवानी आनंद की आवाज में |
पांडु जेष्ठ पुत्र युधिष्ठिर धर्मराज के रूप में विश्व में जाने जाते रहे हैं |कहानी में इस बात का प्रत्यक्ष प्रमाण मिलता है| जब यक्ष के प्रश्नों का उत्तर युधिष्ठिर के अन्य भाई नहीं दे पाते हैं ,तो उन सबको मृत्यु प्राप्त हो जाती है किंतु युधिष्ठिर यक्ष के प्रश्नों के उत्तर देकर यक्ष को प्रसन्न कर देते हैं और अपना मनचाहा वरदान भी प्राप्त कर लेते हैं |कैसे? इसे जानने के लिए सुनते हैं महाभारत की कहानियों में से एक कहानी यक्ष और युधिष्ठिर संवाद भाग -1 शिवानी आनंद की आवाज में …
राजा कृष्णदेव राय बहुत बड़े कला प्रेमी थे| इस संदर्भ में कलाकारों को तेनाली रामा की सलाह से सम्मानित भी करते थे| इस बात से राज दरबार के अन्य लोग तेनालीरामा से चिढ़ते थे उन्होंने तेनाली रामा के ऊपर रिश्वतखोर होने का आरोप लगा दिया| अब तेनालीरामा ने इस आरोप को कैसे गलत सिद्ध किया ?इस रोचक किस्से को सुनते हैं तेनाली रामा की कहानी में से एक कहानी रिश्वत का खेल सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में….
एक बार कृष्णदेव राय के चार प्रिय बेशकीमती फूलदानों में से एक फूलदान उनके सेवक रमैया के द्वारा टूट जाता है| कृष्णदेवराय उसे इस मामूली से अपराध के लिए फांसी की सजा सुना देते हैं ,अब तेनाली रामा किस प्रकार अपने चातुर्य से रमैया की जान बचाता है?? साथ ही कृष्णदेवराय को भी किस प्रकार अपनी गलती का एहसास होता है? इस रोचक किस्से को सुनते हैं तेनाली रामा की कहानियों में से एक कहानी बेशकीमती फूलदान, शिवानी आनंद की आवाज में…
तेनाली रामा को नीचा दिखाने के उद्देश्य से अन्य मंत्री गण ने राजा के सामने अपनी योग्यता सिद्ध करनी चाहिएकिंतु सभी राजा के द्वारा दी गई चुनौती को पूरा करने में जुट गए किंतु क्या राजा की चुनौती को वो हल करने में सफल हुए ?क्या तेनाली रामा को नीचा दिखा पाए ?पूरी कहानी जानने के लिए सुनते हैं शिवानी आनंद की आवाज में तेनाली रामा की कहानियों में से एक कहानी नली का कमाल..
एक बार तेनालीराम, महाराज कृष्ण देव राय जी से रूठ गए और उन्होंने दरबार आना बंद कर दिया | जब महाराज को तेनालीराम की कमी महसूस होने लगी तो उन्होंने उन्हें बुलाने की बात सोची लेकिन यह क्या? तेनालीराम तो कई दिनों से अपने घर भी नहीं गए , आखिर तेनालीराम कहां है और राजा ने किस प्रकार उनकी खोज की? इस पूरे रोचक किस्से को सुनते हैं तेनाली रामा की कहानियों में से एक कहानी तेनालीराम की खोज शिवानी आनंद की आवाज में
एक बार विजय नगर में बाढ़ आ गई | राहत के नाम पर मंत्री जी ने काफी सारा धन राजकोष से ले लिया |तेनालीरामा को मंत्री जी की के क्रियाकलापों से संशय उत्पन्न हुआ कि वह धनराशि जरूरतमंदों तक नहीं पहुंचाई जा रही है| तेनालीरामा ने ऐसा क्या किया कि कृष्णदेव राय को भी सच्चाई का पता चल गया ?जानते हैं इस रोचक किस्से को तेनाली रामा की कहानियों में से एक कहानी बाढ़ और बचाव ,शिवानी आनंद की आवाज में…
Reviews for: Doodh na pene wali billi (दूध न पीने वाली बिल्ली)
Average Rating
saraswati sharma